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क्लासी सबको कहाँ समझ आते है!

 " अच्छा सुनो , एक बात के लिए पूछना था !" " पूछो " " पहले हाँ बोलो " " हाँ " " वाह ! ये तो आसान था ! शर्ट का साइज़   बताओ । मुझे एक शर्ट पसंद आया है ।"   " पहले दिखाओ " " ना ! अब नहीं मुकर सकते ! हाँ बोल दिया !" " अब देखो बात कुछ ऐसी है के …" " नहीं देखना !" " सुनो तो !" "नहीं सुनना!"  "क्या है के मेरा पसंद थोड़ा क्लासी है ! सबको   समझ   नहीं  आते है !" " अच्छा? खैर ! वो तो मुझे ग्रीन चेक्ड शर्ट में ही दिख गया था !" " मुझे इसमें ताने की बू आ रही है ! ताना है ये ?" " नहीं ! गाना है ये ! तरन्नुम में .... पुरसुकून ! सुनो   ध्यान से !" " कुछ भी बोलो तुम अब  बस !" " अरे अरे ! नहीं समझ आया ? जाने दो ! क्लासी ( कल ) सबको कहाँ समझ आते है !" " अरे तुम   ना ! ज़िद्दी हो बहुत !" " हाँ ! और चामुंडा , चुड़...